नई दिल्ली, BlaBlaCar- देश के बड़े शहरों में ओला और उबर जैसी कैब सेवाओं की लोकप्रियता लगातार बढ़ रही है। अब इन सेवाओं का विस्तार छोटे शहरों की ओर भी हो रहा है। इसी बीच एक नया ऐप BlaBlaCar तेजी से लोगों के बीच लोकप्रिय हो रहा है, जो पारंपरिक कैब सेवाओं की तुलना में अधिक किफायती साबित हो रहा है। BlaBlaCar का मूल विचार कारपूलिंग पर आधारित है, जिसमें एक ही दिशा में यात्रा करने वाले लोग एक वाहन साझा करते हैं और किराया आपस में बांटते हैं।
BlaBlaCar: सस्ती यात्रा का विकल्प
नोएडा के सेक्टर 16 में कार्यरत अंश राज, जो मेरठ के निवासी हैं, रोजाना लगभग 72 किलोमीटर की दूरी तय करते हैं। यदि वे ओला, उबर या रैपिडो जैसी सेवाओं का उपयोग करते हैं तो उन्हें ₹800 से ₹1000 तक खर्च करना पड़ता है। वहीं BlaBlaCar के माध्यम से यही यात्रा ₹140 से ₹200 में पूरी हो जाती है। अंश बताते हैं कि इस सेवा से उन्हें हर महीने हजारों रुपये की बचत होती है।
इसी तरह दिल्ली निवासी अन्नू सिंह को अचानक जयपुर जाना पड़ा, लेकिन बस की बुकिंग नहीं मिल पाई। ओला और उबर पर किराया ₹3000 से ₹4000 तक था, जबकि BlaBlaCar पर उन्हें ₹700 में यात्रा का विकल्प मिल गया। ऐसे उदाहरण दर्शाते हैं कि BlaBlaCar लंबी दूरी की यात्राओं के लिए एक किफायती विकल्प बनकर उभरा है।
भारत में बढ़ती लोकप्रियता
टेक क्रंच की रिपोर्ट के अनुसार, BlaBlaCar की लोकप्रियता भारत में तेजी से बढ़ रही है। कंपनी का अनुमान है कि वर्ष 2025 में लगभग 2 करोड़ लोग इस सेवा का उपयोग करेंगे, जो पिछले वर्ष की तुलना में 50 प्रतिशत अधिक है। इस वृद्धि के साथ भारत BlaBlaCar का सबसे बड़ा बाजार बन गया है, जिसने ब्राजील और फ्रांस जैसे देशों को पीछे छोड़ दिया है।
हालांकि यह सफलता अचानक नहीं आई। BlaBlaCar ने 2015 में भारत में प्रवेश किया था और दिल्ली में अपना कार्यालय खोला था। लेकिन ओला और उबर जैसी कंपनियों के प्रचार और प्रतिस्पर्धा के चलते 2017 में कंपनी को अपना स्थानीय कार्यालय बंद करना पड़ा। ऐप चालू रहा, लेकिन उपयोगकर्ताओं की संख्या सीमित थी। 2022 से इसमें तेजी आई और अब हर महीने औसतन 11 लाख लोग इसका उपयोग कर रहे हैं।
चुनौतियाँ भी कम नहीं
जहाँ BlaBlaCar ने सस्ती यात्रा का विकल्प दिया है, वहीं इसके उपयोगकर्ताओं को कुछ समस्याओं का सामना भी करना पड़ता है। इस सेवा का उपयोग कर चुकीं श्रुति कुल बताती हैं कि कई बार ड्राइवर अंतिम समय में बुकिंग रद्द कर देते हैं, जिससे यात्रियों को परेशानी होती है। इसके अलावा ऐप में लाइव लोकेशन शेयर करने की सुविधा नहीं है, जिससे परिवार या मित्रों के लिए ट्रैकिंग मुश्किल हो जाती है।
विदेशों में कारपूलिंग के लिए विशेष जोन बनाए जाते हैं, लेकिन भारत में ऐसी व्यवस्था नहीं है। BlaBlaCar ने भारतीय उपयोगकर्ताओं के लिए ‘मीटिंग-पॉइंट लॉजिक’ नामक फीचर शुरू किया है, जिसमें ड्राइवर और यात्री एक तय स्थान पर मिलकर यात्रा शुरू करते हैं। हालांकि कई बार ड्राइवर उस स्थान पर पहुंचने से इनकार कर देते हैं, जिससे असुविधा होती है।
संभावनाओं के साथ सुधार की जरूरत
BlaBlaCar ने भारत में सस्ती और साझा यात्रा का एक नया विकल्प प्रस्तुत किया है, जो विशेष रूप से लंबी दूरी की यात्राओं के लिए उपयुक्त है। हालांकि, सेवा की विश्वसनीयता और तकनीकी सुविधाओं में सुधार की आवश्यकता है। यदि कंपनी इन चुनौतियों को दूर कर पाती है, तो यह सेवा आने वाले वर्षों में भारत में साझा परिवहन का एक मजबूत स्तंभ बन सकती है। यात्रियों को सस्ती यात्रा का लाभ देने के साथ-साथ उन्हें भरोसेमंद अनुभव देना भी उतना ही आवश्यक है।



