Sirsa Mandi Bhav,सिरसा मंडी भाव ताज़ा- 28 अक्टूबर, 2025 को सिरसा अनाज मंडी में आज व्यापारियों और किसानों की सक्रिय भागीदारी देखने को मिली। मौसम में हल्के बदलाव और बाजार में मांग-आपूर्ति के संतुलन के बीच आज प्रमुख फसलों के भाव में मामूली उतार-चढ़ाव दर्ज किया गया। विशेष रूप से कपास और धान की विभिन्न किस्मों के दाम स्थिरता के साथ बंधे रहे, जबकि नरमा के दामों में कुछ हलचल देखी गई।
सिरसा मंडी में कपास के दाम रहे मजबूत
आज कपास (कपास) का भाव 6900 से 7150 रुपये प्रति क्विंटल के दायरे में कारोबार करता रहा। व्यापारियों के अनुसार, मंडी में कपास की आवक संतोषजनक रही और गुणवत्ता वाले कपास की मांग बनी रहने से इसके दामों को सहारा मिला। बाजार सूत्रों का मानना है कि अंतर्राष्ट्रीय बाजार में कपास के मजबूत भाव और घरेलू मिलों की मांग ने स्थानीय मंडी में कीमतों को स्थिर रखने में अहम भूमिका निभाई है। किसानों द्वारा बेहतर गुणवत्ता वाले कपास की आपूर्ति ने भी व्यापारियों में सकारात्मक उम्मीद बनाए रखी।
नरमा में दिखा तेजी का रुख
वहीं नरमा (नरमा) के मामले में आज कीमतों ने उछाल का रुख अपनाया। नरमा का भाव 6000 रुपये प्रति क्विंटल से शुरू होकर 7335 रुपये प्रति क्विंटल तक पहुँच गया। इस तेजी के पीछे मुख्य रूप से मंडी में नरमा की कम आवक और बेहतर क्वालिटी के प्रति खरीदारों का रुझान माना जा रहा है। कुछ व्यापारियों ने बताया कि औद्योगिक इकाइयों से बढ़ी मांग ने भी नरमा के दामों को ऊपर धकेला है।
सिरसा मंडी में धान की विभिन्न किस्मों का हाल
धान (पैडी) की बात करें तो आज विभिन्न किस्मों के भाव अपने-अपने स्तर पर कारोबार करते नजर आए। पैडी 1509 (पैडी 1509 🌾) का भाव 2600 से 2983 रुपये प्रति क्विंटल रहा। पैडी 1847 (पैडी 1847 🌾) 2300 से 2713 रुपये के दायरे में बंधी रही। वहीं पीबी-1 किस्म (पैडी PB-1 🌾) 2600 से 2941 रुपये प्रति क्विंटल के स्तर पर कारोबार करती रही। पैडी 1401 (पैडी 1401 🌾) के दाम 2800 से 3253 रुपये प्रति क्विंटल रहे, जबकि पैडी 1718 (पैडी 1718 🌾) 2700 से 3075 रुपये प्रति क्विंटल के बीच बिकी। धान के भाव मुख्यतः उनकी गुणवत्ता, नमी की मात्रा और चावल निकासी के आधार पर निर्धारित हुए।
आज के व्यापार ने स्पष्ट कर दिया कि मंडी में किसानों और व्यापारियों के बीच गुणवत्ता को लेकर सजगता बढ़ी है। फसलों का सही समय पर और उचित मूल्य पर विक्रय किसानों के हित में रहा। बाजार विश्लेषकों का अनुमान है कि आने वाले दिनों में मौसम के और साफ होने तथा नई फसलों की आवक बढ़ने के साथ ही व्यापार और तेज हो सकता है। हालाँकि, सरकारी खरीद नीतियाँ और न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) भी भाव निर्धारण में प्रमुख भूमिका निभाएंगे। कुल मिलाकर, सिरसा मंडी में आज का कारोबार संतुलित और किसान-हितैषी रहा, जो कृषि क्षेत्र की मजबूती का एक सकारात्मक संकेत देता है।



